विश्व से लेडेड पेट्रोल का हुआ उन्मूलन, रुकेंगी 12 लाख अकाल मौतें: UNEP

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यूनाइटेड नेशनल एनवायरनमेंट प्रोग्राम (UNEP) ने 30 अगस्त, 2021 को यह कहा है कि, दुनिया से लेड वाले पेट्रोल के इस्तेमाल को खत्म कर दिया गया है. यह एक मील का पत्थर है जो 1.2 मिलियन अर्थात 12 लाख से अधिक अकाल (समय से पहले होने वाली) मौतों को रोकेगा और विश्व की विभिन्न अर्थव्यवस्थाओं को सालाना 2.4 ट्रिलियन डॉलर से अधिक की बचत करेगा.

UNEP ने इस खबर को स्वच्छ हवा के लिए लड़ाई में एक ऐतिहासिक जीत बताते हुए यह कहा है कि, डॉक्टरों द्वारा लेड पेट्रोल के जहरीले प्रभावों के बारे में पहली बार चेतावनी जारी करने के लगभग एक सदी बाद, अल्जीरिया – जो इस ईंधन का उपयोग करने वाला अंतिम देश था – ने पिछले महीने लेड पेट्रोल की अपनी आपूर्ति समाप्त कर दी है.

विश्व में लीडेड पेट्रोल का उपयोग: इस बारे में हम क्या जानते हैं?

वर्ष, 1924 की शुरुआत में दुनिया भर में चिंता पैदा हुई जब, अमेरिकी दिग्गज स्टैंडर्ड ऑयल द्वारा संचालित एक रिफाइनरी में काम करने वाले दर्जनों श्रमिकों को ऐंठन से पीड़ित होने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया और उनमें से पांच को मृत घोषित कर दिया गया.  

यहां तक ​​​​कि, हाल ही में हुए अध्ययनों के बावजूद, दो दशक पहले तक 100 से अधिक देश लीडेड पेट्रोल का उपयोग कर रहे थे, और इन अध्ययनों में लेडेड पेट्रोल को समय से पहले होने वाली मौतों, मिट्टी और वायु प्रदूषण के साथ ही खराब स्वास्थ्य से भी जोड़ा गया था.

लेड पेट्रोल का उन्मूलन

वर्ष, 2002 में जब संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम ने अपना यह अभियान शुरू किया, तो चीन, भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका सहित कई प्रमुख शक्तियों ने पहले ही इस ईंधन का उपयोग बंद कर दिया था.

वर्ष, 2016 तक म्यांमार, उत्तर कोरिया और अफगानिस्तान ने सीसा वाले पेट्रोल की बिक्री बंद कर दी, अल्जीरिया ने भी अब अंततः यमन और इराक के बाद, इस प्रदूषक पेट्रोल पर अपनी निर्भरता को समाप्त कर दिया है.

यह लीडेड पेट्रोल का उन्मूलन क्यों महत्वपूर्ण होगा?

UNEP ने यह चेतावनी दी थी कि, जलवायु परिवर्तन के भयावह प्रभावों को दूर करने के लिए जीवाश्म ईंधन को काफी कम किया जाना चाहिए.

संयुक्त राष्ट्र की इस एजेंसी ने अपने एक बयान में यह भी कहा था कि, लीडेड पेट्रोल के उन्मूलन के बाद, अब हर साल 1.2 मिलियन से अधिक समय से पहले होने वाली मौतों को रोका जा सकेगा, बच्चों में IQ पॉइंट बढ़ेगा, अपराध दर में कमी आएगी और वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए 2.44 ट्रिलियन डॉलर की बचत होगी.

ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन के लिए जिम्मेदार है परिवहन क्षेत्र

UNEP ने इंगित किया है कि, परिवहन क्षेत्र ऊर्जा से संबंधित वैश्विक ग्रीनहाउस उत्सर्जन के लगभग एक चौथाई के लिए जिम्मेदार है और वर्ष, 2050 तक इसके एक तिहाई तक बढ़ने की आशंका जताई जा रही है. इसने यह भी कहा है कि, आने वाले दशकों में 1.2 अरब वाहन सड़कों पर उतरेंगे.

पूरी दुनिया में, खासकर उभरते बाजारों में वाहनों की बिक्री बढ़ने की काफी संभावना है. इस वैश्विक निकाय ने आगे यह भी कहा कि, यह ग्रह-उष्णता (प्लैनेट वार्मिंग) और वायु प्रदूषण बढ़ाने वाले यातायात में योगदान देगा.

पृथ्वी के तापमान पर एक रिपोर्ट

इससे पहले अगस्त, 2021 में इंटर-गवर्नमेंटल पैनल ऑन क्लाइमेट चेंज की एक रिपोर्ट ने यह चेतावनी दी थी कि, पृथ्वी का औसत तापमान वर्ष, 2030 के आसपास 1.5 डिग्री सेल्सियस गर्म होगा, जोकि अनुमान से एक दशक पहले है, जिससे जीवाश्म ईंधन के उपयोग के संबंध में खतरे की घंटी (चेतावनी) सुनाई दे रही है.



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